आर्टिफीसियल इंटेलिजेंस पर निशुल्क कार्यशाला 26 को विमतारा में

रायपुर। आर्टिफीसियल इंटेलिजेंस पर रविवार 26 अप्रैल को सुबह 10 से एक (1) बजे तक विमतारा में एक कार्यशाला का आयोजन किया है। यह कार्यशाला सभी के लिए निशुल्क होगा। चूंकि वहां स्थान सीमित है। इसके लिए इच्छुक लोग हमारे दिए गए क्यूआर कोड को स्कैन करके अपना नाम रजिस्टर करवा सकते हैं। वो लोग इसमें लाइव शामिल हो सकते हैं। यह बातें बंगलुरु की लरनिजॉय कंपनी के मोहनकुमार ने आज प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कही। इस दौरान उनके साथ बिलासपुर के अमान सिंग भी मौजूद थे। मोहनकुमार ने बताया कि आर्टिफीसियल इंटेलिजेंस नई नहीं है। इसकी शुरुआत 1956 में हो चुकी थी। 1956 से 2015 तक के समय में इस पर विभिन्न प्रयोग होते रहे है। अक्टूबर नवंबर 2021 के बाद काफी चर्चा में रहा। उनका उद्देश्य स्कूल कॉलेज के बच्चो को ट्रेनिंग दे कर भविष्य के लिए तैयार करना है। ताकि बच्चे भविष्य में सक्षम और आत्मनिर्भर हो सके। तकनीक का इस्तेमाल अपने कार्यो में बेहतर करने में ले सके। उन्होंने बताया कि आर्टिफीसियल इंटेलिजेंस का इस्तेमाल आज हर जगह किया जा रहा है। आज कृषि, लीगल, उद्योग सहित अन्य जगहों में इस्तेमाल किया जा रहा है। आप कुछ भी पूछे वह आपको आपके सवाल का जवाब सर्च करके देगा। यह आपके विवेक पर निर्भर करता है कि आप उसका कैसे उपयोग करते हैं। सही सवाल करेंगे तो जवाब भी सही ही मिलेगा। उसके दिए जवाब का कैसे उपयोग करेंगे इसका निर्णय आपको करना होगा।
मोहनकुमार ने बताया कि आज दुनिया की 70 -75 फीसदी कम्पनियां इस तकनीक का इस्तेमाल कर रही हैं। इसके 617 मॉडल्स और 70000 टूल्स का उपयोग हो रहा है।