“चोट की एक्टिंग के आरोपों पर ऋषभ पंत ने तोड़ी चुप्पी, जानिए रोहित के बयान पर क्या कहा”

टी20 विश्व कप 2024:   टी20 विश्व कप 2024 के फाइनल में भारतीय क्रिकेट टीम की ऐतिहासिक जीत का जिक्र करते हुए, कप्तान रोहित शर्मा ने एक दिलचस्प और निर्णायक घटना का खुलासा किया, जिसने दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ मैच की दिशा बदल दी। फाइनल मुकाबले में जब दक्षिण अफ्रीकी टीम जीत के काफी करीब थी, विकेटकीपर बल्लेबाज ऋषभ पंत की सूझबूझ और बुद्धिमत्ता ने भारत को ट्रॉफी दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इस रोमांचक मुकाबले में दक्षिण अफ्रीका को 30 गेंदों पर 30 रनों की जरूरत थी, और उनकी टीम जीत की ओर बढ़ रही थी, तब पंत की एक चाल ने मैच का पासा पलट दिया।रोहित शर्मा ने बताया कि पंत ने अपने घुटने की चोट का बहाना बनाकर मैच की गति को धीमा करने का प्रयास किया, जिससे दक्षिण अफ्रीकी बल्लेबाजों की लय टूट गई। रोहित ने इसे मैच के टर्निंग पॉइंट के रूप में चिन्हित किया और कहा कि यह कदम बेहद जरूरी था, क्योंकि उस समय दक्षिण अफ्रीका तेजी से रन बना रहा था और भारत के लिए स्थिति मुश्किल होती जा रही थी। रोहित के अनुसार, पंत ने फिजियो को बुलाकर अपना समय लिया, जिससे खेल थोड़ी देर के लिए रुक गया, और इसका परिणाम यह हुआ कि दक्षिण अफ्रीकी बल्लेबाजों की लय बिगड़ गई।

इसके बाद ऋषभ पंत ने इस घटना पर अपनी प्रतिक्रिया दी और कहा कि उन्होंने फिजियो को जानबूझकर बुलाया था ताकि वह समय बर्बाद कर सकें और खेल की गति को रोक सकें। पंत ने बताया कि वह जानते थे कि ऐसे बड़े फाइनल मैचों में हर क्षण का महत्व होता है, और उन्होंने यह निर्णय लिया कि खेल को धीमा करके भारत को एक मौका दिया जाए। उन्होंने कहा, “मैं सोच रहा था कि पता नहीं फिर कब मुझे विश्व कप फाइनल में खेलने का मौका मिलेगा। इसलिए मैंने फिजियो को कहा कि आप अपना समय लें और खेल को धीमा करें।”

रोहित शर्मा ने इस घटना का जिक्र ‘द कपिल शर्मा शो’ में भी किया था, जहां उन्होंने बताया कि कैसे पंत ने अपने घुटने में चोट का बहाना बनाकर खेल को रोका। उन्होंने कहा, “जब दक्षिण अफ्रीका को 30 गेंदों में 30 रन चाहिए थे, तब अचानक पंत ने खेल को रोकने के लिए अपने घुटने में चोट की समस्या बताई और फिजियो को बुलाया। इससे खेल की गति धीमी हो गई, जिससे हमें खेल पर नियंत्रण करने का मौका मिला।”

इस ब्रेक के बाद, हार्दिक पांड्या ने खतरनाक बल्लेबाज हेनरिक क्लासेन का विकेट लिया, जिसने भारतीय टीम को एक बार फिर ड्राइविंग सीट पर ला दिया। हालांकि, डेविड मिलर ने दूसरे छोर से रन बनाने का प्रयास जारी रखा, लेकिन भारतीय गेंदबाजों ने दबाव बनाकर दक्षिण अफ्रीका की जीत की संभावनाओं को ध्वस्त कर दिया। रोहित शर्मा ने कहा, “इसके बाद हम सबने मिलकर दक्षिण अफ्रीकी बल्लेबाजों को स्लेज करना शुरू कर दिया, ताकि उनके मनोबल को गिराया जा सके। हमें किसी भी कीमत पर जीतना था, और इसके लिए हमने हर संभव प्रयास किया।”

आखिरकार, भारतीय टीम ने न सिर्फ मैच पर नियंत्रण किया, बल्कि दक्षिण अफ्रीका के मजबूत प्रदर्शन के बावजूद ट्रॉफी अपने नाम की। ऋषभ पंत की इस सूझबूझ और टीम के सामूहिक प्रयास ने भारतीय टीम को टी20 विश्व कप 2024 का विजेता बना दिया। यह घटना न केवल खेल की रणनीतिक गहराई को दिखाती है, बल्कि यह भी स्पष्ट करती है कि कैसे छोटे-छोटे फैसले भी बड़े मुकाबलों में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।

इस जीत ने भारतीय टीम की एकता, दृढ़ता और खेल भावना का परिचय दिया, जिसमें हर खिलाड़ी ने अपने हिस्से का योगदान दिया। ऋषभ पंत की यह चाल क्रिकेट इतिहास में एक यादगार घटना बन गई, और भारतीय टीम की इस ऐतिहासिक जीत का हिस्सा बनकर वह न केवल अपने फैंस के बीच बल्कि पूरे विश्व में भी चर्चा का विषय बन गए।