न्‍यूनतम समर्थन मूल्‍य में उत्‍पादन लागत से डेढ़ गुणा वृद्धि करने की स्‍वामीनाथन समिति की सिफारिश लागू

नई दिल्ली :- आवासन और शहरी मामलों के मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा है कि वर्ष 2014 से 2019 तक न्‍यूनतम समर्थन मूल्‍य पर उत्‍पाद खरीदने के लिए खर्च की गई राशि में वर्ष 2009 से 2014 के मुकाबले 85 प्रतिशत तक की व‍ृद्धि हुई है। उन्‍होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी ने न्‍यूनतम समर्थन मूल्‍य में उत्‍पादन लागत से डेढ गुणा वृद्धि करने की स्‍वामीनाथन समिति की सिफारिश को लागू किया है।

पुरी ने कहा कि प्रधानमंत्री किसान योजना के माध्‍यम से एक लाख 10 हजार करोड रुपये से अधिक राशि सीधे किसानों के खाते में अंतरित की गई है। किसानों को अब तक फसल बीमा के रूप में 87 हजार करोड रुपये का भुगतान किया गया है। पुरी ने कहा कि जाने-माने कृषि अर्थशास्त्रियों ने किसानों को खुले बाजार में अपने उत्‍पाद बेचने की छूट देते हुए इन तीन कृषि सुधारों की भी सिफारिश की थी। उन्‍होंने कहा कि सरकार ने किसानों से बातचीत करने और मुद्दों को सुलझाने में सहायता करने का बार-बार आग्रह किया है।

पुरी ने यह भी कहा कि राज्‍यों को मंडियों पर कर लगाने की अनुमति होगी हांलाकि सरकार ने विवाद समाधान की समयबद्ध व्‍यवस्‍था बनाई है। सरकार विवाद की स्थिति में सिविल न्‍यायालयों में सुनवाई के लिए भी राजी हो गई है।