सरफराज और विराट कोहली की डीआरएस अपील से भारत को मिली सफलता, वॉशिंगटन सुंदर के 7 विकेट से न्यूजीलैंड 259 पर ढेर
पुणे : भारत और न्यूजीलैंड के बीच पुणे में खेले जा रहे दूसरे टेस्ट मैच के पहले दिन एक रोमांचक घटना घटी, जिसने दर्शकों और कमेंटेटरों का ध्यान खींचा। विल यंग को रविचंद्रन अश्विन की गेंद पर विकेटकीपर ऋषभ पंत ने कैच किया, लेकिन अंपायर ने इसे नॉटआउट करार दिया। इस पर टीम में थोड़ा संशय था, लेकिन सरफराज अहमद ने आत्मविश्वास से कप्तान रोहित शर्मा से डीआरएस (डिसीजन रिव्यू सिस्टम) लेने का आग्रह किया।
रोहित ने पहले अश्विन और पंत से राय ली, जिन्होंने डीआरएस के पक्ष में बात नहीं की। इसी बीच विराट कोहली वहां आए और उन्होंने सरफराज की बात का समर्थन किया, जिससे रोहित ने डीआरएस लेने का निर्णय किया। तीसरे अंपायर के रिप्ले में साफ दिखा कि गेंद बल्ले का किनारा लेकर सीधे पंत के हाथों में गई थी, जिससे यंग को आउट करार दिया गया। इस सही फैसले से टीम इंडिया ने महत्वपूर्ण विकेट हासिल किया, और सरफराज की डीआरएस के लिए पहल की तारीफ कमेंटेटर साइमन डुल ने भी की। उन्होंने कहा कि सरफराज और कोहली को यकीन था कि यंग आउट हैं, और सरफराज की डीआरएस के लिए अपील काबिले तारीफ थी।
दूसरी ओर, भारतीय गेंदबाज वॉशिंगटन सुंदर ने अपने प्रदर्शन से सबको चौंका दिया। पहले टेस्ट में टीम का हिस्सा नहीं रहे सुंदर को अचानक दूसरे टेस्ट के लिए स्क्वॉड में शामिल किया गया, और प्लेइंग-11 में उन्हें कुलदीप यादव की जगह मौका दिया गया। उन्होंने इस मौके को बखूबी भुनाया, शानदार गेंदबाजी करते हुए न्यूजीलैंड की पूरी पारी को 259 रनों पर समेट दिया। वॉशिंगटन सुंदर ने 23.1 ओवर में सिर्फ 59 रन देकर सात विकेट हासिल किए, जिसमें से पांच खिलाड़ी क्लीन बोल्ड हुए। उन्होंने रचिन रवींद्र, डेरिल मिचेल, टॉम ब्लंडेल, ग्लेन फिलिप्स, टिम साउदी, एजाज पटेल और मिचेल सैंटनर को आउट किया। इसके अलावा, रविचंद्रन अश्विन ने भी महत्वपूर्ण योगदान देते हुए तीन विकेट लिए, जिनमें कप्तान टॉम लाथम, विल यंग और डेवोन कॉनवे शामिल थे।
सुंदर के इस शानदार प्रदर्शन से भारतीय टीम ने मजबूत स्थिति बनाई और न्यूजीलैंड की पारी को नियंत्रित किया। उनके सात विकेट ने मैच का रुख भारत की ओर मोड़ दिया और टीम मैनेजमेंट का उन पर विश्वास सही साबित हुआ।
