कोविड-19 महामारी पर काबू पाने के लिए गृह मंत्रालय के दिशा-निर्देश, आज से लागू हो जाएंगे

नई दिल्ली :- कोविड-19 महामारी पर कारगर तरीके से काबू पाने के लिए गृह मंत्रालय के दिशा-निर्देश, आज से लागू हो जाएंगे और 30अप्रैल तक लागू रहेंगे। इन दिशानिर्देशों का मुख्‍य जोर महामारी की रोकथाम में मिली बड़ी सफलता को और मजबूत करना है। महामारी की रोकथाम में मिली सफलताएं सक्रिय मामलों की संख्‍या में पिछले पांच महीनों से आ रही लगातार गिरावट से स्‍पष्‍ट रूप से देखी जा सकती हैं।

देश के कुछ भागों में कोविड-19 के मामलों में फिर से तेजी को ध्‍यान में रखते हुए गृह मंत्रालय के ताजा दिशानिर्देशों में राज्‍य सरकारों और केन्‍द्रशासित प्रदेश प्रशासनों के लिए जांच, निगरानी और इलाज पर कडाई से अमल करना जरूरी हो गया है।

राज्‍यों और केन्‍द्रशासित प्रदेशों को यह भी सुनिश्‍चित करना होगा कि लोग कोविड सम्‍बंधी एहतियातों का पालन करें और सभी आयु वर्ग के लोगों के लिए टीकाकरण अभि‍यान तेज किया जाए। दिशानिर्देशों के अनुसार महामारी पर काबू पाने के लिए रोकथाम यानी कंटेनमेंट नीति पर पूरी तरह अमल हो और इस सम्‍बंध में गृह मंत्रालय, स्‍वास्‍थ्‍य मंत्रालय तथा अन्‍य केन्‍द्रीय मंत्रालयों और विभागों की मानक संचालन प्रक्रिया– एसओपी का पालन करना भी आवश्‍यक कर दिया गया है।

जांच, निगरानी और इलाज के अभियान के तहत गृहमंत्रालय ने कहा है कि जिन राज्‍यों और केन्‍द्रशासित प्रदेशों में आरटी-पीसीआर परीक्षण का अनुपात कम है, वहां इसे बढाया जाना चाहिए और इसे 70 प्रतिशत या इससे अधिक के निर्धारित स्‍तर पर लाया जाना चाहिए।

मंत्रालय ने कहा है कि संक्रमण की पुष्टि वाले मामलों और उनके संपर्क में आए लोगों की पहचान के आधार पर जिला स्‍तर पर माइक्रो कंटेनमेंट्स जोन निर्धारित किए जाने चाहिए।

दिशानिर्देशों के अनुसार राज्‍य सरकार और केन्‍द्रशासित प्रदेश प्रशासन कोविड संबंधी एहतियातों का पालन करेंगे। खासतौर पर सार्वजनिक स्‍थानों, कार्य स्‍थलों और भीड-भाड वाली जगहों के लिए बनाए गए नियमों का सख्‍ती से पालन कराएंगे। उन्‍हें नियमों का उल्‍लंघन करने वालों के खिलाफ प्रशासनिक कार्रवाई करने और जुर्माना लगाने का भी अधिकार दिया गया है।

राज्‍य और केन्‍द्रशासित प्रदेश स्थिति के मूल्‍यांकन के आधार पर स्‍थानीय पाबंदिया लगा सकते हैं, लेकिन राज्‍य के भीतर या एक राज्‍य से दूसरे राज्‍य को लोगों तथा सामान के आने-जाने पर कोई पाबंदी नहीं होगी। कंटेनमेंट जोन्‍स के दायरे से बाहर मानक संचालन प्रक्रिया का पालन करते हुए विभिन्‍न प्रकार की गतिविधियों की इजाजत होगी।