“बीएसएफ का 60वां स्थापना दिवस: साहस और समर्पण की मिसाल, प्रधानमंत्री और गृह मंत्री ने दी बधाई”

 नई दिल्ली:  सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) का 60वां स्थापना दिवस 1 दिसंबर को मनाया गया। इस विशेष अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर बीएसएफ के कर्मियों को शुभकामनाएं दीं और उनके योगदान की सराहना की। प्रधानमंत्री मोदी ने लिखा, “सीमा सुरक्षा बल को उसके स्थापना दिवस पर हार्दिक शुभकामनाएं। बीएसएफ साहस, समर्पण और असाधारण सेवा का प्रतीक और रक्षा की एक महत्वपूर्ण पंक्ति के रूप में खड़ा है। उनकी सतर्कता और साहस हमारे राष्ट्र की सुरक्षा में योगदान करते हैं।”

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भी बीएसएफ के जवानों और उनके परिवारों को बधाई देते हुए लिखा, “बीएसएफ के सैनिकों ने भारत के सम्मान और महत्वाकांक्षाओं की पूरी मजबूती के साथ रक्षा की है और इसके लिए जान की बाजी लगाने से कभी पीछे नहीं हटे। उनकी वीरता और बलिदान प्रेरणा का अटूट स्रोत हैं, जिसने देशभक्तों की पीढ़ियों को यह सुनिश्चित करने के लिए तैयार किया है कि हमारा राष्ट्र हमेशा आगे बढ़ता रहे। सर्वोच्च बलिदान देने वाले बहादुरों को मेरी श्रद्धांजलि।”

बीएसएफ ने इस अवसर पर अपनी प्रतिबद्धता को दुहराते हुए कहा, “60वें सीमा सुरक्षा बल दिवस के अवसर पर हम सीमा प्रहरी राष्ट्र रक्षा और राष्ट्र निर्माण के लिए अपनी प्रतिबद्धता को दुहराते हैं। अपने ध्येय वाक्य जीवनपर्यन्तकर्त्तव्य को आत्मसात करते हुए हर सीमा प्रहरी अपने कर्तव्यों के प्रति पूर्ण समर्पण से कटिबद्ध है।”

बीएसएफ की स्थापना 1965 में शांति काल में भारत की भूमि सीमा की रक्षा करने और अंतरराष्ट्रीय अपराध से निपटने के लिए की गई थी। तब से लेकर आज तक, यह बल भारतीय सीमाओं की सुरक्षा में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। भारत की सीमा 15,000 किलोमीटर से अधिक फैली हुई है, और बीएसएफ इन विस्तृत सीमाओं की रक्षा करने की भारी जिम्मेदारी निभाता है। बीएसएफ के स्थापना दिवस पर, इस बल के जवानों की साहसिकता, बलिदान और निष्ठा को सलाम किया जाता है।