स्वयं मुख्यमंत्री Vishnu Deo Sai जिस पुस्तक की प्रशंसा करे उसकी चर्चा तो होनी ही चाहिए,बहुत बहुत बधाई Nisha Dwivedi
निशा द्विवेदी की ये पहली पुस्तक है मोदी के प्रदेश से लौटकर।और उम्मीद है ये आखिरी नहीं होगी। साय सरकार ने 26 महिला पत्रकारों के अध्ययन दल को भ्रमण के लिए पीएम Narendra Modi के प्रदेश भेजा था।उनमें से एक निशा ने उस भ्रमण में एक पत्रकार के नजरिए से जो कुछ देखा उसे जस का तस अपनी किताब में उतार दिया।
निशा की किताब महज एक यात्रा वृत्तांत नहीं है बल्कि वर्तमान को शब्दों से आकर देना है।एक किताब में पूरा परिदृश्य जस का तस उतारना भी है।वो भी आज के उस बेहद थका देनी वाली पत्रकारिता के दौर में जब पत्रकार पढ़ने और लिखने से तो कोसों दूर जा चुके है।संकट से गुजरते साहित्य सृजन और लेखन के तपते रेगिस्तान में निशा की किताब एक राहत देते नखलिस्तान कि तरह नजर आती है।
निशा एक संघर्षशील जुझारू और हर खबर पर स्पॉट पर खुद नजर आने वाली पत्रकार।उसने लंबे समय तक मेरे साथ काम किया।उसके अंदर के धधकते पत्रकार को मैने तभी महसूस कर लिया था।उसने मेहनत से कभी जी नहीं चुराया,कभी शॉर्ट कट पर भरोसा नहीं किया,बस काम करते गई और आज इस मुकाम पर जा पहुंची, जहां उसकी किताब की प्रशंसा खुद मुख्यमंत्री कर रहे है।बहुत बहुत बधाई निशा,वैसे तो मुझे आपके कार्यक्रम में उपस्थित रहकर बधाई देना था,पर आपके स्नेहिल निमंत्रण के बावजूद विमोचन समारोह में आ नहीं पाया।फिर भी एक बार और उत्तरोत्तर प्रगति की मंगलकामनाओ समेत ढेर सारी बधाई।आप भी बधाई दे सकते है।
