विष्णु देव साय सरकार का आदिवासी उत्थान मॉडल: योजनाओं से जनजीवन में सकारात्मक बदलाव
रायपुर : छत्तीसगढ़ में आदिवासी समुदाय के विकास के लिए विष्णु देव साय सरकार ने शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और सामाजिक उत्थान को प्राथमिकता देते हुए व्यापक योजनाएं बनाई हैं। राज्य के आदिवासी बहुल क्षेत्रों में विकास के प्रयासों ने जनजीवन में सकारात्मक बदलाव लाए हैं। स्वास्थ्य, सड़क, संचार और सुरक्षा नेटवर्क को सुदृढ़ करने के साथ, केंद्र सरकार की पीएम जनमन योजना और राज्य सरकार की नियद नेल्ला नार योजना जैसे प्रयासों से स्थानीय समुदायों में विकास की नई किरण पहुंची है।
राज्य की कुल 3 करोड़ जनसंख्या में एक-तिहाई आदिवासी जनसंख्या है। साय सरकार ने इन समुदायों के सामाजिक, आर्थिक, और सांस्कृतिक उत्थान के लिए विशेष ध्यान दिया है। नियद नेल्ला नार योजना के तहत माओवाद प्रभावित क्षेत्रों में नए सुरक्षा कैंपों के आसपास 5 किमी के दायरे में आने वाले 96 गांवों में 17 विभागों की 53 योजनाओं के तहत शिक्षा, स्वास्थ्य, पानी, बिजली, पुल-पुलिया, और सड़कों जैसी सुविधाएं दी जा रही हैं।
साय सरकार द्वारा माओवाद प्रभावित जिलों के विद्यार्थियों को तकनीकी और व्यावसायिक शिक्षा हेतु ब्याज मुक्त ऋण उपलब्ध कराया गया है, जिससे उन्हें आगे बढ़ने का अवसर मिल सके। शिक्षा ऋण की अधिकतम सीमा 4 लाख रुपये तक रखी गई है और शेष जिलों के विद्यार्थियों को मात्र 1% ब्याज पर ऋण प्रदान किया जा रहा है। इससे राज्य में शिक्षा के प्रति रुचि बढ़ रही है और युवाओं को कौशल विकास के अवसर मिल रहे हैं।
