प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और नेपाल के प्रधानमंत्री शेर बहादुर देउबा ने दोनों देशों के बीच साझेदारी में प्रगति की समीक्षा की
नई दिल्ली :- प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और नेपाल के प्रधानमंत्री शेर बहादुर देउबा के बीच आज नई दिल्ली में प्रतिनिधिमण्डल स्तर की वार्ता हुई। बैठक में दोनों नेताओं ने आपसी साझेदारी की प्रगति की समीक्षा की तथा सहयोग का और अधिक विस्तार करने के तौर-तरीकों पर विचार-विमर्श किया।
बैठक के बाद प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और नेपाल के प्रधानमंत्री शेर बहादुर देउबा ने कई परियोजनाओं का संयुक्त रूप से उद्घाटन किया। उन्होंने बिहार के जयनगर और नेपाल के कुरथा के बीच यात्री रेलगाडी को हरी झण्डी दिखाकर रवाना किया।
उन्होंने संयुक्त रूप से सोलू कॉरीडोर- 132 केवी क्षमता की बिजली पारेषण लाइन और भारत सरकार की ऋण साख के तहत नेपाल में बनाये गये बिजली उप-केन्द्र का भी उद्घाटन किया। दोनों नेताओं ने नेपाल में रूपे कार्ड की शुरूआत की। इस अवसर पर चार समझौता ज्ञापनों पर भी हस्ताक्षर किए गए।
संयुक्त संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा कि देउबा की भारत की यह पांचवीं यात्रा है। उन्होंने दोनों देशों के संबंधों को मजबूत बनाने में अहम भूमिका निभाई है। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच मैत्री एक मिसाल है। लोगों के बीच ऐसे आपसी संबंध दुनिया में कहीं भी नहीं हैं।
मोदी ने यह भी बताया कि दोनों देशों के बीच बिजली के क्षेत्र में उपलब्ध अवसरों का लाभ उठाने पर सहमति बनी। मोदी ने पंचेश्वर परियोजना पर तेजी से आगे बढने पर जोर दिया। यह परियोजना इस इलाके की प्रगति में बडा बदलाव लाएगी। भारत सरकार नेपाल की पनबिजली की विकास परियोजनाओं में भारतीय कंपनियों की बडी भागीदारी पर भी सहमत है।
मोदी ने इस बात पर खुशी जाहिर की कि नेपाल अंतर्राष्ट्रीय सौर ऊर्जा गठबंधन का सदस्य बन गया है और इससे क्षेत्र में सतत्, किफायती और स्वच्छ ऊर्जा को बढावा मिलेगा।
प्रधानमंत्री मोदी ने यह भी कहा कि नेपाल में रूपे कार्ड शुरू होने से हमारी आर्थिक सम्पर्क व्यवस्था में एक नया अध्याय जुडेगा। मोदी ने दोनों देशों के बीच रक्षा और सुरक्षा संबंधी संस्थानों के बीच सहयोग को और ज्यादा मजबूत करने पर जोर दिया।
नेपाल के प्रधानमंत्री देउबा ने कहा कि भारत-नेपाल संबंधों के विभिन्न पहलुओं पर उनकी मैत्रीपूर्ण और सार्थक वार्ता हुई। उन्होंने दोनों देशों के बीच मैत्री संबंधों को और प्रगाढ करने के लिए विचारों का आदान-प्रदान किया।
