प्रधानमंत्री कल अमरीका यात्रा पर रवाना होंगे, अमरीकी राष्‍ट्रपति के साथ बातचीत में अफगानिस्‍तान में कट्टरवाद, आतंकवाद और विकास पर चर्चा होने की संभावना

प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी कल अमरीका यात्रा पर रवाना होंगे। वे इस दौरान वॉशिंगटन में अमरीकी राष्‍ट्रपति जो बाइडेन से मुलाकात करेंगे। मोदी न्‍यूयॉर्क में संयुक्‍त राष्‍ट्र महासभा को संबोधित करेंगे।

विदेश सचिव हर्षवर्धन श्रृंगला ने कहा है कि दोनों नेताओं के बीच होने वाली आमने-सामने बातचीत में व्‍यापार, निवेश, रक्षा और सुरक्षा क्षेत्रों में परस्‍पर संबंध बढ़ाने के उपायों पर चर्चा होने की संभावना है। उन्‍होंने बताया कि अफगानिस्‍तान के घटनाक्रम सहित प्रमुख क्षेत्रीय मुद्दों और कट्टरवाद तथा आतंकवाद से निपटने के तरीकों पर भी बातचीत की जा सकती है।

अमरीका, ऑस्‍ट्रेलिया और ब्रिटेन के बीच सुरक्षा भागीदारी गठबंधन- ऑकस, और क्‍वाड पर इसके प्रभाव के बारे में पूछे गए सवाल के जवाब में श्रृंगला ने कहा कि क्‍वाड और ऑकस एक जैसे समूह नहीं है।

उन्‍होंने बताया कि मोदी अमरीकी नेताओं के साथ बातचीत के अलावा वॉशिंगटन में क्‍वाड के पहले गैर-वर्चुअल शिखर सम्‍मेलन में भाग लेंगे। इसमें समसामायिक वैश्विक और क्षेत्रीय मुदों पर प्रमुखता से बातचीत होने की संभावना है।

विदेश सचिव ने बताया कि क्‍वाड सम्‍मेलन में मुक्‍त, खुला और समावेशी हिंद प्रशांत क्षेत्र सुनिश्चित करने के लिए नेताओं को एक महत्‍वपूर्ण अवसर मिलने की आशा है।

श्रृंगला ने बताया कि मोदी अपनी अमरीका यात्रा के दौरान उपराष्‍ट्रपति कमला हैरिस से मुलाकात करेंगे। वे जापान और ऑस्‍ट्रेलिया के प्रधानमंत्री से भी द्विपक्षीय बातचीत करेंगे।

प्रधानमंत्री मोदी बडी अमरीकी कंपनियों के कई शीर्ष कार्यकारियों से साथ बैठक करेंगे। वॉशिंगटन के बाद मोदी न्‍यूयॉर्क जाएंगे, जहां शनिवार को वे संयुक्‍त राष्‍ट्र महासभा के 76वें सत्र के उच्‍च स्‍तरीय खंड में सामान्‍य चर्चा को संबोधित करेंगे।

एक सवाल के जवाब में विदेश सचिव ने कहा कि कोविशील्‍ड को मान्‍यता न देना भेदभावपूर्ण नीति है और इसका ब्रिटेन की यात्रा करने वाले भारत के नागरिकों पर असर पडेगा।

उन्‍होंने बताया कि विदेश मंत्रालय ने इस बारे में ब्रिटेन के नए विदेश मंत्री से बातचीत की है और उन्‍होंने आश्‍वासन दिया है कि इसका समाधान किया जाएगा।